किसान महापंचायत ने कहा कि बाजरे की फसल मंडियों में पहुंचने वाली है, लेकिन व्यापारी MSP पर खरीद के लिए तैयार नहीं हैं। संगठन ने सरकार से प्रत्येक ब्लॉक स्तर पर कम से कम पांच-पांच खरीद केंद्र स्थापित कर तत्काल बाजरे की खरीद शुरू करने की मांग की है।
ज्ञापन में डीएपी और यूरिया की कमी का फायदा उठाकर कथित रूप से मुनाफाखोरी, जमाखोरी और नकली खाद की बिक्री किए जाने का मुद्दा भी उठाया गया। किसान महापंचायत ने सरकार से खाद की उपलब्धता सुनिश्चित करने और कालाबाजारी करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।
ज्ञापन में सरकार से आगामी दस दिनों में सकारात्मक कार्रवाई की मांग की गई है। कार्रवाई नहीं होने पर संगठन ने बाजरे की फसल को 3,000 रुपये प्रति क्विंटल बेचने तथा खाद की कथित मुनाफाखोरी के खिलाफ आंदोलन करने की चेतावनी दी।
इस दौरान प्रदेशाध्यक्ष मुसद्दीलाल यादव, जिलाध्यक्ष वीरेन्द्र चौधरी, जिला महासचिव बीरसिंह ग्वाला, जिला उपाध्यक्ष सरजीत चौधरी, जिला सचिव दयाराम यादव, जिला संगठन मंत्री गनपत सिंह यादव, हरसौली तहसील अध्यक्ष थानेदार शेरसिंह दहिया सहित राजकपूर सारवान, बस्ती राम लंबरदार, सुरेन्द्र कुमार काला, रमेश चन्द्र सहित अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।
