विधायक खैरिया के निजी सहायक सुनील कान्त गोल्डी ने जानकारी देते हुए बताया कि पैदल मार्च समाप्त होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार की नीतियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई। इसके बाद राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन एसडीएम सत्यवीर यादव को सौंपा गया।
पैदल मार्च गंज रोड स्थित गुलाब देवी धर्मशाला से प्रारंभ हुआ, जो मुख्य बाजार, पुराना बस स्टैंड, तोप चौराहे से होता हुआ उपखंड कार्यालय पहुंचा। मार्च के दौरान युवाओं ने नीट पेपर लीक, बढ़ती महंगाई, पेट्रोल-डीजल के बढ़ते दाम, बेरोजगारी और भ्रष्टाचार जैसे मुद्दों पर तीखा विरोध जताया।
सभा को संबोधित करते हुए विधायक दीपचंद खैरिया ने कहा कि देश का युवा अपने भविष्य को लेकर गंभीर रूप से चिंतित है। उन्होंने कहा, "नीट पेपर लीक जैसी घटनाओं ने मेहनती छात्रों के सपनों को तोड़ने का काम किया है।" इसके अलावा उन्होंने आरोप लगाया कि पेट्रोल-डीजल के दाम लगातार बढ़ रहे हैं, जिससे आम आदमी की कमर टूट चुकी है।
इस अवसर पर कई वरिष्ठ कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे। इनमें विधानसभा समन्वयक देव कसाना, प्रदेश महासचिव अजीत यादव, प्रधान बीपी सुमन, खैरथल-तिजारा महिला जिला अध्यक्ष विनोद कुमारी सांगवान, पीसीसी गिरीश डाटा, ब्लॉक अध्यक्ष किशनगढ़बास सन्दीप पाटिल, ब्लॉक अध्यक्ष कोटकासिम राम प्रसाद गुर्जर, पूर्व प्रधान रोहिताश चौधरी, शहर अध्यक्ष संस्कार अग्रवाल, कोटकासिम शहर अध्यक्ष चंदू सैनी, नेता प्रतिपक्ष नगरपालिका किशनगढ़बास उमेश यादव, नेता प्रतिपक्ष नगर परिषद विक्की चौधरी, धीरूभाई, सूरत खैरिया, जयप्रकाश हेडाऊ, रामचन्द्र कामरेड, मातादीन, नवीन खैरिया, मनोज बुराड़िया, सुनील सांवरिया, नितिन यादव, राहुल खैरिया, जतिन लालवानी, आसमदीन, किशनचंद सहित अन्य कांग्रेस कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
