राजकपूर सारवान ने बताया कि स्वास्थ्य केंद्र की छत पर पानी की टंकी स्थापित है, लेकिन उसमें नियमित रूप से पानी की आपूर्ति नहीं होने के कारण वह उपयोग में नहीं आ पा रही है। केंद्र परिसर के बाहर एक हैंडपंप लगा हुआ है, किंतु यह व्यवस्था स्वास्थ्य केंद्र की आवश्यकता के अनुरूप पर्याप्त नहीं है। छोटे बच्चे, बुजुर्ग, गर्भवती महिलाएं, दिव्यांगजन तथा गंभीर मरीज स्वयं हैंडपंप चलाकर पानी नहीं निकाल सकते, जिससे उन्हें दूसरों पर निर्भर रहना पड़ता है। वहीं स्वास्थ्य कर्मियों को भी अपनी दैनिक आवश्यकताओं के लिए पानी की व्यवस्था करने में कठिनाई होती है।
उन्होंने कहा कि ग्रामीणों एवं स्वास्थ्य केंद्र के कर्मचारियों द्वारा इस समस्या से ग्राम पंचायत के सरपंच एवं ग्राम विकास अधिकारी को कई बार अवगत कराया जा चुका है, लेकिन अब तक कोई स्थायी समाधान नहीं किया गया है। स्वास्थ्य केंद्र जैसी महत्वपूर्ण जनसेवा संस्था में पेयजल जैसी मूलभूत सुविधा का अभाव चिंताजनक है और इससे मरीजों को अनावश्यक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
मजदूर विकास फाउंडेशन ने उपखण्ड अधिकारी, कोटकासिम से मांग की है कि मामले का तत्काल संज्ञान लेते हुए संबंधित विभाग एवं ग्राम पंचायत को निर्देशित कर सब सेंटर हांसपुर कलां में नियमित एवं स्थायी पेयजल व्यवस्था सुनिश्चित कराई जाए, ताकि मरीजों, उनके परिजनों तथा स्वास्थ्य कर्मियों को आवश्यक सुविधा उपलब्ध हो सके और स्वास्थ्य सेवाएं सुचारु रूप से संचालित रह सकें।

